
@छतरपुर-आशुतोष द्विवेदी। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी नमः शिवाय अरजरिया द्वारा शुक्रवार को जनपद पंचायत लवकुशनगर के सभाकक्ष में ग्राम पंचायत सचिवों एवं ग्राम रोजगार सहायकों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना सहित विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
जिला पंचायत सीईओ ने मनरेगा योजनांतर्गत एक बगिया मां के नाम, ई-केवाईसी, जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत कार्यों की पूर्णता, प्रधानमंत्री आवास योजना में आवास पूर्णता, आवास प्लस का सर्वे सत्यापन, समग्र ई-केवाईसी, बिजली बिलों के लंबित देयक, ग्राम पंचायतों में सृजित परिसंपत्तियों की जियोटैगिंग एवं अन्य विभागीय योजनाओं की समीक्षा की।
समीक्षा के दौरान मनरेगा में 60 प्रतिशत से कम ई-केवाईसी प्रगति वाली ग्राम पंचायतों के सचिवों एवं ग्राम रोजगार सहायकों के वेतन रोकने के निर्देश दिए गए। साथ ही 20 से कम परिसंपत्तियों की जियोटैगिंग करने वाले सचिवों का वेतन रोके जाने के निर्देश भी दिए गए। प्रधानमंत्री आवास योजना में आवास पूर्णता की न्यून प्रगति पाए जाने पर ग्राम पंचायत कटहरा, प्रतापपुरा, ब्यासबदौरा, लबरहा एवं लुधगांय के सचिवों एवं ग्राम रोजगार सहायकों को कारण बताओ सूचना पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में जिला पंचायत छतरपुर से परियोजना अधिकारी मनरेगा चक्रेश जैन, सहायक परियोजना अधिकारी प्रधानमंत्री आवास योजना नारायणदास तिवारी उपस्थित रहे। वहीं जनपद पंचायत लवकुशनगर के सीईओ पुरुषोत्तमलाल यादव, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी अमित खरे, सहायक यंत्री राजेश उपाध्याय, समस्त उपयंत्री एवं जनपद के अधिकारी-कर्मचारी बैठक में मौजूद रहे।

इसके पश्चात जिला पंचायत सीईओ द्वारा ग्राम पंचायत खपटया में गौशाला, हिरिया कुशवाहा पति किशोरी कुशवाहा की एक बगिया मां के नाम तथा पुस्तकालय का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उपस्थित सरपंच, सचिव एवं अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

















