स्वास्थ्य एवं महिला बाल विकास विभाग आपसी समन्वय से कार्य करे और किसी भी प्रकार की समस्या होने पर जिला प्रशासन को अवगत करायें

कलेक्टर श्री कोचर जिला स्वास्थ्य समिति समीक्षा बैठक सम्पन्न दिये गये अह्म दिशा निर्देश
@दमोह ज.सं याशिक अहमद कुरेशी। स्वास्थ्य एवं महिला बाल विकास विभाग आपसी समन्वय से कार्य करे और किसी भी प्रकार की समस्या होने पर जिला प्रशासन को अवगत करायें ताकि आवश्यक सहयोग समय से उपलब्ध कराया जा सके। इस आशय की बात कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुये कही। उन्होंने टीकाकरण कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए 95 प्रतिशत एफआईसी सुनिश्चित करने के निर्देश दिये।

बैठक में कलेक्टर श्री कोचर ने मातृ-शिशु स्वास्थ, टीकाकरण, आयुष्मान कार्ड की अद्यतन प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। कलेक्टर ने जनवरी माह में शून्य मातृ-मृत्यु सुनिश्चित करने के साथ-साथ, ए.एन.सी. जांच 50 प्रतिशत पहुंचाने का लक्ष्य रखा। बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग को निर्देशित किया गया कि प्रत्येक पंजीकृत बच्चे का वजन एवं ऊॅचाई मापन शत- प्रतिशत अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जाये, ताकि कुपोषण का समय रहते पहचान एवं आवश्यकतानुसार बच्चों को एनआरसी में भर्ती कराया जा सके। कलेक्टर ने स्वास्थ्य एवं महिला बाल विकास विभाग को पूर्ण समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिये जिससे योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन हो सके।
बैठक में आयुष्मान कार्ड प्रगति की भी समीक्षा की गई। प्रगति अपेक्षित न पाये जाने पर स्वास्थ्य, महिला बाल विकास को श्रम विभाग के साथ समन्वय कर स्पष्ट कार्ययोजना तैयार कर आयुष्मान कार्ड का निर्माण प्रगति में अपेक्षित सुधार लाने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्री कोचर ने आयुष्मान भारत योजना अंतर्गत 70 आयुवर्ग में 50 प्रतिशत उपलब्धि, निर्माण श्रमिक/कर्मकार मंडल में जुडे़ हितग्राहियों में 75 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति, धारती आबा अभियान के तहत तैयार सूची में से 65 प्रतिशत आयुष्मान कार्ड निर्माण जनवरी माह तक सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। बैठक में विशेष टीकाकरण अभियान के अनुभवों पर भी चर्चा की गई और उन्हें आगामी अभियानों में उपयोग करने के निर्देश दिये गये।
इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.के. अठया, सिविल सर्जन डॉ. प्रहलाद पटेल सहित स्वास्थ्य विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला एवं खण्ड स्तरीय अधिकारी एवं समस्त कार्यक्रम अधिकारी तथा स्वैच्छिक संगठन अंतरा एवं विश फाउण्डेशन के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

















